Raushani Mahakti Hai - Hindi book by - Satya Prakash Sharma - रौशनी महकती है - सत्य प्रकाश शर्मा
लोगों की राय

नई पुस्तकें >> रौशनी महकती है

रौशनी महकती है

सत्य प्रकाश शर्मा

प्रकाशक : भारतीय साहित्य संग्रह प्रकाशित वर्ष : 2020
पृष्ठ :112
मुखपृष्ठ : ईपुस्तक
पुस्तक क्रमांक : 15468
आईएसबीएन :978-1-61301-551-3

Like this Hindi book 0

5 पाठक हैं

‘‘आज से जान आपको लिख दी, ये मेरा दिल है पेशगी रखिये’’ शायर के दिल से निकली गजलों का नायाब संग्रह


6

ये जो अहले-नज़र की बातें हैं


ये जो अहले-नज़र की बातें हैं
तीरगी में सहर की बातें हैं

आपका हमसे यूँ सुख़न करना
दर्द से चारागर की बातें हैं

रोज़ लड़ता है आइना मुझसे
क्या बताऊँ ये घर की बातें हैं

मंज़िलों की भी हम सुनाएंगे
हाँ! अभी तो सफ़र की बातें हैं

दाद मिलती है उनको ऐबों की
अपने-अपने हुनर की बातें हैं

0 0 0

...पीछे | आगे....

<< पिछला पृष्ठ प्रथम पृष्ठ अगला पृष्ठ >>

लोगों की राय

No reviews for this book